चित्तौड़गढ़ हिन्दुस्तान जिंक के सहयोग से गोरा बादल स्टेडियम का कायाकल्प, चित्तौड़गढ़ को मिलेगा आधुनिक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्सबडी सौगात- सांसद सीपी जोशी

हिन्दुस्तान जिंक के सहयोग से गोरा बादल स्टेडियम का कायाकल्प, चित्तौड़गढ़ को मिलेगा आधुनिक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स

डीएस सेवन न्यूज चित्तौड़गढ़ के ऐतिहासिक गोरा बादल स्टेडियम के लिए शनिवार का दिन यादगार बन गया, जब हिन्दुस्तान जिंक लिमिटेड और नगर परिषद के बीच हुए एमओयू के साथ इस प्रांगण के सर्वांगीण विकास का मार्ग प्रशस्त हुआ। वर्षों से उपेक्षा का शिकार रहे इस मैदान को अब अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप एक आधुनिक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स के रूप में विकसित किया जाएगा। इस पहल को शहर के युवाओं, खिलाड़ियों और आम नागरिकों के लिए एक बड़ी सौगात के रूप में देखा जा रहा है।

एमओयू कार्यक्रम के दौरान मुख्य अतिथि सांसद सीपी जोशी ने इसे चित्तौड़गढ़ के लिए ऐतिहासिक क्षण बताया। उन्होंने कहा कि गोरा बादल स्टेडियम केवल एक मैदान नहीं, बल्कि शहर की स्मृतियों और खेल विरासत का प्रतीक रहा है। कई पूर्व प्रधानमंत्रियों के आगमन और अनेक खेल प्रतिभाओं की गतिविधियों का साक्षी रहा यह स्टेडियम लंबे समय से अपनी पहचान खोता जा रहा था। अब हिन्दुस्तान जिंक के सहयोग से इसका पुनर्जीवन होगा और यह फिर से शहर की धड़कन बनेगा।

सांसद सीपी जोशी ने कहा कि सीएसआर मद से किया जा रहा यह विकास कार्य खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा निखारने का मंच प्रदान करेगा। अब तक यह मैदान केवल मॉर्निंग वॉक तक सीमित रह गया था, लेकिन आने वाले समय में यह युवाओं के लिए प्रशिक्षण, प्रतियोगिताओं और खेल आयोजनों का केंद्र बनेगा। उन्होंने हिन्दुस्तान जिंक की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि उद्योग और समाज के बीच इस तरह का सहयोग ही सतत विकास की मजबूत नींव रखता है।

जिला ग्रामीण विकास अभिकरण सभागार में आयोजित कार्यक्रम में विधायक चंद्रभान सिंह आंक्या ने भी इस पहल को शहर के भविष्य से जोड़ा। उन्होंने कहा कि प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के संयुक्त प्रयासों से इस ऐतिहासिक स्थल के विकास का सपना साकार हो रहा है। स्टेडियम के पुनर्विकास से युवाओं को खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने का अवसर मिलेगा, वहीं आमजन को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

हिन्दुस्तान जिंक लिमिटेड के सीईओ और पूर्णकालिक निदेशक अरुण मिश्रा ने अपने संबोधन में खेलों की सामाजिक भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि खेल केवल शारीरिक क्षमता का विकास नहीं करते, बल्कि चरित्र निर्माण और समुदाय को एकजुट करने की शक्ति भी रखते हैं। गोरा बादल स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स के विकास का उद्देश्य ऐसा वातावरण तैयार करना है, जहां युवा अपनी क्षमताओं को पहचान सकें और उन्हें सही दिशा में आगे बढ़ा सकें। उन्होंने इसे दीर्घकालिक सामुदायिक निवेश बताया, जो खेल मैदान से आगे जाकर समाज को मजबूत करेगा।

कार्यक्रम के दौरान चंदेरिया स्मेल्टिंग कॉम्प्लेक्स के लोकेशन हेड आलोक रंजन ने प्रेजेंटेशन के माध्यम से प्रस्तावित विकास कार्यों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि परियोजना का उद्देश्य जमीनी स्तर पर खेल अवसंरचना को सुदृढ़ करना, शारीरिक फिटनेस को बढ़ावा देना और युवाओं के लिए संरचित अवसर तैयार करना है। इसके तहत स्टेडियम को बहुउद्देशीय खेल परिसर के रूप में विकसित किया जाएगा, ताकि यहां प्रशिक्षण, टूर्नामेंट, सांस्कृतिक आयोजन और विभिन्न सामुदायिक कार्यक्रम आयोजित किए जा सकें।

अंतरराष्ट्रीय और आधुनिक खेल सुविधा मानकों को ध्यान में रखते हुए परियोजना का डिजाइन तैयार किया गया है। चरणबद्ध रूप से होने वाले विकास कार्यों में फुटबॉल मैदान, जॉगिंग और वॉकिंग ट्रैक का निर्माण प्रमुख रूप से शामिल है। खिलाड़ियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए युवाओं और युवतियों के लिए अलग-अलग चेंजिंग रूम, स्वच्छता सुविधाएं और कार्यालय कक्ष विकसित किए जाएंगे।

इसके साथ ही परिसर में पार्किंग व्यवस्था, सुरक्षा के लिए सीसीटीवी निगरानी, हाई मास्ट लाइटिंग, सौर ऊर्जा आधारित विद्युत व्यवस्था और वर्षा जल संचयन संरचनाओं का निर्माण भी किया जाएगा। संपर्क सड़कों के विकास के साथ-साथ चारदीवारी और प्रवेश-निकास द्वार का भी जीर्णोद्धार किया जाएगा, जिससे परिसर सुरक्षित और सुव्यवस्थित बन सके।

हिन्दुस्तान जिंक की यह पहल केवल एक स्टेडियम के विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि यह कंपनी की खेल प्रोत्साहन की दीर्घकालिक सोच को दर्शाती है। देशभर में कंपनी की खेल गतिविधियों में बढ़ती भागीदारी इसे और मजबूत बनाती है। फुटबॉल कार्यक्रमों के माध्यम से जमीनी स्तर पर प्रतिभाओं को आगे लाने के लिए कंपनी लगातार प्रयासरत है। ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन के साथ साझेदारी में जावर स्थित जिंक फुटबॉल एकेडमी इसका उदाहरण है, जहां बालक-बालिकाओं के लिए आवासीय प्रशिक्षण की सुविधा उपलब्ध है।

बालिकाओं के लिए भारत की पहली रेजिडेंशियल फुटबॉल एकेडमी का शुभारंभ हिन्दुस्तान जिंक की उस प्रतिबद्धता को दर्शाता है, जिसमें कम उम्र से ही प्रतिभाओं को पेशेवर प्रशिक्षण, शिक्षा और तकनीक आधारित विकास के अवसर दिए जाते हैं। लगभग चार दशकों की खेल विरासत के साथ, कंपनी ने फुटबॉल, एथलेटिक्स, कबड्डी और वॉलीबॉल जैसे खेलों में निरंतर योगदान दिया है।

वेदांता जिंक सिटी हाफ मैराथन जैसे आयोजनों के माध्यम से भी कंपनी ग्रासरूट स्तर पर खेल संस्कृति को मजबूत कर रही है, जिससे हजारों लोग लाभान्वित हुए हैं। इन प्रयासों ने न केवल खेल प्रतिभाओं को मंच दिया है, बल्कि शहरों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान भी दिलाई है।
एमओयू पर नगर परिषद आयुक्त केजी माली और हिन्दुस्तान जिंक की ओर से आलोक रंजन ने हस्ताक्षर कर औपचारिक आदान-प्रदान किया। इस अवसर पर प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि और हिन्दुस्तान जिंक के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में इस पहल को चित्तौड़गढ़ के विकास की दिशा में एक मजबूत कदम बताया।

गोरा बादल स्टेडियम का यह नया स्वरूप न केवल खेल गतिविधियों को नई ऊर्जा देगा, बल्कि शहरवासियों के लिए एक ऐसा सार्वजनिक स्थल बनेगा, जहां स्वास्थ्य, अनुशासन और सामूहिक सहभागिता को बढ़ावा मिलेगा। वर्षों बाद यह ऐतिहासिक मैदान फिर से जीवंत होकर चित्तौड़गढ़ की पहचान को नई मजबूती देने की ओर अग्रसर होगा।

DS7NEWS NETWORK CHITTORGARH 

Post a Comment

Previous Post Next Post