आधी रात को श्मशान में के रहे तंत्र मंत्र क्रिया, 8 डिटेन नोटों की होगी बारिश

श्रद्धा के नाम पर श्मशान में आधी रात तंत्र क्रिया: ‘नोटों की बारिश’ के झांसे में 8 डिटेन, सज्जनगढ़ पुलिस की बड़ी कार्रवाई
डीएस सेवन न्यूज बांसवाड़ा। राजस्थान के बांसवाड़ा जिले में श्रद्धा और अंधविश्वास के नाम पर आधी रात श्मशान घाट में तांत्रिक क्रियाएं करने का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। सज्जनगढ़ थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आठ लोगों को डिटेन किया है, जो कथित तौर पर “नोटों की बारिश” करवाने के नाम पर तंत्र विद्या कर रहे थे।

पुलिस सूत्रों के अनुसार, बुधवार देर रात गश्त के दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि पाड़ी लसोड़िया गांव स्थित आदिवासी समाज के श्मशान घाट पर कुछ लोग इकट्ठा होकर तांत्रिक गतिविधियां कर रहे हैं। सूचना पर थानाधिकारी धनपतसिंह अपने जाप्ते के साथ मध्यरात्रि करीब मौके पर पहुंचे।

मौके पर अत्येष्ठी स्थल के पास कुछ लोग श्मशान घाट में बैठे मिले। वहां पास ही बलि के लिए एक मुर्गा रखा हुआ था। इसके अलावा तंत्र क्रिया में उपयोग होने वाली सामग्री—तीन केले, माचिस, सिंदूर, नारियल और अगरबत्ती आदि भी मौके पर मौजूद थी, जिससे तांत्रिक गतिविधियों की पुष्टि हुई।

पुलिस ने तुरंत घेराबंदी कर सभी को पकड़ लिया और घटनास्थल की वीडियोग्राफी भी करवाई। पूछताछ में आरोपियों ने अपने नाम इस प्रकार बताए—
सोहनलाल उर्फ सोनु (42) निवासी पीपलिया, थाना रायपुर जिला पाली हाल जिला ब्यावर,
सुखलाल (42) निवासी लसोड़िया, थाना सज्जनगढ़ जिला बांसवाड़ा,
रामरतन (70) निवासी तिमाईसी, थाना सरदारपुर जिला धार (मध्यप्रदेश),
प्रतापसिंह (52) निवासी टांडा मंगला, थाना सज्जनगढ़ जिला बांसवाड़ा,
सुरेशचन्द्र (50) निवासी राठ धनराज, थाना सज्जनगढ़ जिला बांसवाड़ा,
विरेंद्र (40) निवासी टांडा रतना, थाना सज्जनगढ़ जिला बांसवाड़ा,
मांगीलाल (75) निवासी बोरी, थाना रठाजना जिला प्रतापगढ़,
राजेन्द्र कुमार (52) निवासी पालोदा, थाना लोहारीया जिला बांसवाड़ा।

पूछताछ में सामने आया कि ये लोग बीमारियों के इलाज के नाम पर श्मशान घाट में तंत्र विद्या करते हैं। मुख्य रूप से सुखलाल और रामरतन द्वारा मुर्गे की बलि देकर “पैसों की बारिश” करवाने का कार्यक्रम किया जाना था।

पुलिस ने बताया कि आदिवासी समाज के श्मशान घाट, जो पाड़ी लसोड़िया गांव में स्थित है, वहां मृतकों के अवशेषों के निक्षेप स्थल पर इस तरह की गतिविधियां कर समाज की भावनाओं को ठेस पहुंचाने का प्रयास किया गया। यह कृत्य भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 301 के तहत अपराध पाया गया।

सभी आरोपियों को डिटेन कर थाने लाया गया है। उनके खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की जांच जारी है।

Post a Comment

Previous Post Next Post